पानीपत से सुनील वर्मा की रिपोर्ट :
अंतर्राष्ट्रीय खेल विकास बोर्ड के बैनर के तत्वाधान में पहली साउथ एशियन गेम का आयोजन 25 से 27 नवंबर तक बीर गंज नेपाल के नारायणी स्टेडियम में किया गया जिसमे नेपाल व् भारत समेत कई देशो के लगभग पंद्रह हजार बच्चो ने विभिन्न खेलो में हिंसा लिया। भारतीय खेल विभाग बोर्ड की हरियाणा इकाई के अधीन पानीपत जिले के 11  बच्चों ने ताइक्वांडो व् एक बच्चे (नरेला ) ने बॉक्सिंग में कुल 12 खिलाड़ियों ने जूनियर खेलो में हिस्सा लिया और सभी बच्चे अपने अपने वर्ग में मेडल जीतकर पानीपत पहुंचे। जिले में पहुँचने पर पानीपत की स्माइल फाउंडेशन सोसायटी और भारतीय खेल बोर्ड की हरियाणा  अध्यक्ष ने स्वागत किया और उनके उज्वल भविष्य की कामना की।
 पानीपत जिले की यहाँ स्थापित हेंडलूम उधोग व् पचरंगा आचार के कारण के अंतर्राष्ट्रीय स्तर पहले से ही अलग पहचान है लेकिन सरकार द्वारा अपनाई गई खेल निति के कारण यहां के खिलाड़ी भी अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपना नाम चमका रहे है। जिले के  कबड्डी खिलाड़ीयों की वजह से राष्ट्रीय व् अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हरियाणा का गौरव बढ़ाया है और पिछले दिनों इटली में हुई बाड़ी बिल्डिंग प्रतियोगिता में भी  परवीन नांदल ने भी मेडल जीतकर पानीपत हरियाणा व् देश का मान बढ़ाया। एक बार फिर हरियाणा पानीपत के होनहार बच्चो ने नेपाल में सुरक्षा से जुड़े ताइक्वांडो जैसे खेल में भी अपना परचम लहराया है पानीपत जिले से गए 11 बच्चो में से 10 बच्चो ने अपने अपने वर्ग में गोल्ड मैडल जीता  और एक लड़की ने सिल्वर मैडल हासिल किया। 12वे बच्चे  नरेला के दीपांशु ने जूनियर कैटेगरी के 69 किलो भारवर्ग में नेपाल को हराकर गोल्ड मैडल हासिल  किया जो की पानीपत जिले के किसी बड़ी उपलब्धि से कम नहीं। गोल्डन बच्चो की माने तो इस सबका श्रेय उनकी को प्रोमिला लठवाल को जाता है उन्होंने खुद की ट्रेनिंग के साथ साथ बच्चो में भी वः प्रतिभा विकसित की जो उनके अंदर है क्योकि उन्होंने भी सीनियर वर्ग की कराटे चैम्पियनशिप में वहां पर गोल्ड मैडल हासिल किया। गोल्डन बच्चो के नाम इस प्रकार से हैं ;- दीपांशु सांगवान खेल बॉक्सिंग नरेला निवासी ,  ताइक्वांडो में गोल्ड जीतने वाले खिलाड़ियों में ,कशिश पानीपत, दिवांशु लठवाल पानीपत , हिमानी  राजाखेड़ी पानीपत , अमन राजाखेड़ी  मयंक राजाखेड़ी ,वंस गाँव चंदौली, गौरव अहलावत व् लक्ष्य अहलावत गाँव बबैल और प्रोमिला लठवाल ताइक्वांडो कोच शामिल है और शिक्षा गाँव बबैल ने सिल्वर मेडल हासिल किया। बच्चो के मेल जीतकर हरियाणा व् देश का नाम रोशन करने पर चंडीगढ़ से स्वागत समारोह में पहुंची भारतीय खेल विभाग बोर्ड की प्रतिनिधि  जसविंद्रकौर ने कहा की बच्चो को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर खेलने के लिए स्पांसरशिप दी जायेगी और बोर्ड बच्चो को खेलों में आगे बढ़ाने के लिए हर संभव मदद करेगा। 

Post A Comment: