विनय कुमार मिश्र,गोरखपुर ब्यूरों । शासन द्वारा पटाखों के प्रयोग के संबंध में मा0 सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों का कड़ाई से अनुपालन करने के निर्देश दिये गये है। शासन द्वारा जारी निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी के0 विजयेन्द्र पाण्डियन ने समस्त एडीएम/एसडीएम/सी.एफ.ओ./नगर मजिस्ट्रेट/पुलिस विभाग को निर्देशित किया है कि पटाखों के फटने के स्थान से 04 मीटर की दूरी पर 125डी.बी. (ए.आई) अथवा 145 डी.बी. (सी) पी.के. से अधिक ध्वनि तीब्रता उत्पन्न करने वाले पटाखों का उत्पादन एंव विक्रय निषिद्ध किया जाये।
जिलाधिकारी ने कहा है कि सांय 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक की अवधि को छोड़कर पटाखे/आतिशबाजी के प्रयोग की अनुज्ञा नही दी जायेगी और रात्रि 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक की अवधि में आतिशबाजी/पटाखें का प्रयोग नही किया जायेगा। शांत क्षेत्र में किसी भी समय पटाखें नही छोड़े जायेंगे। शांत क्षेत्र अस्पताल, शैक्षिक क्षेत्र, न्यायालय, धार्मिक स्थल या सक्षम प्राधिकारी द्वारा घोषित अन्य किसी क्षेत्र से 100 मी0 की परिध का क्षेत्रफल होगा।
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिये है कि बच्चों को (पटाखे नही चाहिए ) का नारा बुलन्द करने के लिए प्रोत्साहित किया जाये तथा इसका व्यापक प्रचार प्रसार भी कराया जाये। इसके अतिरिक्त पुलिस अथार्टीज को साउंड मीटर्स उपलब्ध कराने तथा पटाखों की बिक्री का लाइसेंस देते समय उनकी गुणवत्ता की जांच करने के भी निर्देश दिये है। उन्होंने यह भी कहा है कि आम जनमानस को ध्वनि प्रदूषण के खतरों से अवगत कराने की कार्यवाही करते हुए दीपावली के अवसर पर ध्वनि प्रदूषण की नियमित जांच कराने तथा ध्वनि प्रदूषण पर लगाये गये नियंत्रणों से प्राप्त होने वाले परिणामों की समीक्षा की जाये। जिलाधिकारी ने मा0 सर्वोच्च न्यायालय एंव शासन द्वारा दिये गये निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा  है।

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