नालंदा -भक्तिमय वातावरण में शुरू हो गया लोक आस्था का महापर्व छठ ,नालंदा के बड़गांव सूर्य मंदिर तालाब में श्रद्धालुओ ने किया पवित्र स्नान

आज से पूरे भक्तिमय वातावरण में शुरू हो गया लोक आस्था का महापर्व छठ ,छठ के अवसर पर नालंदा के बड़गांव सूर्य मंदिर तालाब में श्रद्धालुओ ने पवित्र स्नान कर छठ व्रत की शुरुआत की | आज से देश के विभिन्न क्षेत्रो से श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया है जो यहां चार दिनों तक प्रवास कर भगवान सूर्य की आराधना करेंगे | बड़गांव सूर्य का मंदिर देश के प्रमुख  सूर्योपासना केन्द्रो में से एक है ऐसी मान्यता  हैं कि यहां छठ ब्रत करने से मनोवांक्षित फल की प्राप्ति  होती है। यही कारण है कि देश के कोने.कोने से श्रद्धालु यहां चैत और  कार्तिक महिने में चार दिनों तक प्रवास कर छठव्रत करते  हैं। ऐसी मान्यता है यहां के सूर्य मंदिर में पूजा और तालाब में स्नान करने से कुष्ठ रोगी रोग मुक्त हो जाते हैं |

इस मंदिर की पौराणिक कथा है कहा जाता है भगवान श्री कृष्ण के पौत्र  राजा साम्ब को दुर्वाशा ऋषि के शाप से कुष्ट हो गया था राजा शाम्ब ने 49 दिनों तक बड़गांव में रहकर सूर्य की उपासना के साथ अराधना और अर्घ्यदान भी किया जिससे उन्हें कुष्ठ रोग  से मुक्ति मिली थी। मुक्ति के बाद  राजा ने उस स्थान की खुदाई करके तालाब का निर्माण कराया। जिसमें स्नान करके आज भी कुष्ट जैसे असाध्य रोग से मुक्ति मिलती है। तालाब की खुदाई के दौरान  भगवान सूर्य, कल्प आदित्य, विष्णु, सरस्वती, लक्ष्मी, आदित्य माता जिन्हें हम छठी मैया भी कहते है सहित नवग्रह देवता की  और बौद्ध कालीन प्रतिमा निकली जो आज भी सूर्य मंदिर में स्थापित है ।

Post A Comment: